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Monday, November 21, 2016

दैनिक समसामयिकी 21 November 2016(Monday)

1.यूरोपीय संघ ने वायु गुणवत्ता सुधारने के लिए अपनी सर्वश्रेष्ठ तकनीकी विशेषज्ञता की मदद की पेशकश की
• दिल्ली और अन्य शहरों में प्रदूषण के कारण पैदा हुई खराब स्थिति के बीच यूरोपीय संघ ने भारत को वायु गुणवत्ता सुधारने के लिए अपनी सर्वश्रेष्ठ तकनीकी विशेषज्ञता की मदद की पेशकश की है। इस पहल के तहत यूरोपीय संघ जनवरी में तीन शहरों में एक परियोजना शुरू करेगा ताकि प्रदूषण कम करने के प्रभावी उपायों की दिशा में अधिकारियों की मदद की जा सके। 

• कई शीर्ष यूरोपीय कंपनियों की ओर से हवा को स्वच्छ बनाने के लिए लाए गए उपायों को भी इस परियोजना में शामिल किया जाएगा। यूरोपीय संघ के अधिकारी पहले से ही परियोजना लाने के मुद्दे पर केंद्र से बात कर चुके हैं। इस परियोजना के पहले चरण में दिल्ली को शामिल किया जा सकता है। 
• पिछले माह ही दिल्ली ने बीते 20 साल में प्रदूषण का सबसे भयावह स्तर देखा था। परियोजना को अंतिम रूप देने के लिए यहां मौजूद अधिकारियों ने कहा कि वे इस बात की एक व्यापक तस्वीर देखने की कोशिश कर रहे हैं कि भारी प्रदूषण का सामना कर रहे शहरों में हवा की गुणवत्ता का प्रबंधन कैसे किया जाता है। 
• इसके अनुरूप ही सबसे उपयुक्त हल मुहैया कराया जाएगा।इस परियोजना से जुड़े यूरोपीय संघ के एक शीर्ष अधिकारी ने कहा, ‘‘पहला कदम भारत में वायु गुणवत्ता प्रबंधन व्यवस्था को समझने का होगा। हम इस बात की पूरी तस्वीर हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं कि वायु गुणवत्ता का प्रबंधन कैसे किया जाता है। इसमें पक्षकारों से जुड़े विश्लेषण और नियमन को भी शामिल किया जा रहा है और हम उसके हिसाब से ही अगला कदम उठाएंगे।’ 
• ज्यादा जानकारी दिए बिना उन्होंने कहा कि परियोजना के बोर्ड की रूपरेखा तय कर ली गई है। इस पहल का एक बड़ा पहलू प्रदूषण के बारे में जागरूकता बढ़ाने से जुड़ा होगा।
2. हार्ट ऑफ एशिया कान्फ्रेंस : भारत उठाएगा सीमा पार आतंकवाद का मुद्दा
• भारत में 3 और 4 दिसम्बर को होने वाले ‘‘हार्ट ऑफ एशिया कान्फ्रेंस -इस्तांबुल प्रोसेस’ में भारत आतंकवाद के मसले पर पाकिस्तान को न केवल ब्रिक्स सम्मेलन की तर्ज पर घेरने की कोशिश करेगा, बल्कि यह प्रयास भी करेगा कि इस कांफ्रेंस के संयुक्त बयान में सीमा पार से आतंकवाद के मसले को किसी तरह से जोड़ा जाए।
• दूसरी तरफ, पाकिस्तान भारत को इस तरह के किसी प्रयास में विफल करने के लिए हार्ट ऑफ एशिया के देशों को प्रभावित करने की कोशिश कर सकता है। अपने इस प्रयास के तहत वह महत्वपूर्ण देशों को इस सम्मेलन में शिरकत करने से रोक सकता है। 
• वह यह भी कोशिश कर सकता है कि महत्वूपर्ण देश अगर शिरकत करते भी हैं, तो वे मंत्रियों की जगह अधिकारियों को भेजें। उधर, सरताज अजीज के इस कार्यक्रम में शामिल होने को लेकर अब तक संशय बना हुआ है।
• सूत्रों के मुताबिक, भारत की कोशिश होगी कि संयुक्त घोषणा पत्र में आतंकवाद और सीमापार घुसपैठ समेत इस तरह के सभी मसलों को शामिल किया जाए, लेकिन जिस तरह से भारत ने सभी सार्क देशों को आतंकवाद के विरोध में सार्क सम्मेलन से अलग कर दिया था, उसी तरह पाकिस्तान इस सम्मेलन में शामिल होने वाले देशों टर्की, तुर्कमेनिस्तान, तजाकिस्तान, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, सऊदी अरब और चीन को प्रभावित कर सकता है। 
• ब्रिक्स सम्मेलन मेंभी जो संयुक्त घोषणा पत्र जारी हुआ था, उसे चीन ने प्रभावित किया था, जिससे पाक को मदद मिली थी।हार्ट ऑफ एशिया कान्फ्रेंस -इस्तांबुल प्रोसेस में भारत, रूस, चीन, अफगानिस्तान और पाकिस्तान समेत 14 देश सदस्य हैं जबकि अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, जापान, आस्ट्रेलिया, फ्रांस, जर्मनी और यूरोपियन यूनियन समेत 17 भागीदार समर्थक देशों की इसमें भूमिका है। 
• कॉन्फ्रेंस में इन देशों के विदेश मंत्री और अधिकारी शिरकत करेंगे। सूत्रों का मानना है कि हार्ट ऑफ एशिया कान्फ्रेंस - इस्तांबुल प्रोसेस में हालांकि अफगानिस्तान का विकास केंद्र में है, लेकिन आफगानिस्तान विकास की पूरी प्रक्रिया क्षेत्रीय शांति पर निर्भर करती है।
3. अमेरिका चीन संबंध उतार चढ़ाव के दौर में : शी
• अमेरिका राष्ट्रपति बराक ओबामा और उनके चीनी समकक्ष शी जिनपिंग की आखिरी मुलाकात हुई, जिसमें चीनी नेता ने चेताया कि डोनाल्ड ट्रम्प के राष्ट्रपति चुने जाने के बाद दोनों महाशक्तियों के संबंध ‘‘उतार चढ़ाव के दौर’ में हैं। 
• ट्रम्प का नाम लिए बिना शी ने उम्मीद जताई कि ओबामा ने उनके देश के साथ जिस रिश्ते को दुनिया में ‘‘सर्वाधिक महत्वपूर्ण’ बताया था, उसमें ‘‘शांतिपूर्ण तरीके से बदलाव होगा।’ दोनों नेताओं की शनिवार को पेरू की राजधानी लीमा में ‘‘एशिया पैसेफिक इकोनॉमिक कोऑपरेशन’ (एपेक) शिखर सम्मेलन से अलग, मुलाकात हुई। चुनाव प्रचार के दौरान ट्रम्प ने चीन के खिलाफ कई बार कड़ा रुख अपनाते हुए बीजिंग पर जलवायु परिवर्तन की शुरुआत करने और कारोबारी नियमों में धांधली करने का आरोप लगाया था। 
• ट्रम्प के पास मुद्दों के अभाव को लेकर हतप्रभ व्हाइट हाउस ने नियंतण्र नेताओं से ट्रम्प को पूरी जानकारी हासिल करने के लिए कुछ समय देने का अनुरोध किया है।राष्ट्रपति पद पर ओबामा के कार्यकाल के दौरान अधिकतर समय चीन और अमेरिका के बीच सहयोग में धीमा सुधार हुआ और उन्होंने विवादों के परिणामों को सीमित करने की कोशिश की। 
• यह सब कुछ एशिया प्रशांत क्षेत्र में प्रभाव के लिए किया गया।व्हाइट हाउस देंग शियोपंग और माओ त्से तुंग के बाद शी को संभवत: सर्वाधिक प्रभावी चीनी नेता के तौर पर देखता है। शी ने कहा मुझे उम्मीद है कि दोनों पक्ष सहयोग पर, मतभेद दूर करने पर और संबंधों में शांतिपूर्ण तरीके से बदलाव सुनिश्चित करने पर मिलजुल कर काम करेंगे और यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा।’
• जनवरी 2009 में ओबामा के राष्ट्रपति बनने के बाद से उनकी और शी की यह नौवीं मुलाकात थी। ओबामा ने कहा कि द्विपक्षीय संबंधों को और स्थायी तथा सार्थक बनाने के लिए दोनों पक्षों ने काम किया। ‘‘मेरा मानना है कि भारत चीन के रचनात्मक संबंधों से दोनों देशों की जनता को और पूरी दुनिया को फायदा होगा।’
• उन्होंने जलवायु परिवर्तन के खतरों से निपटने के लिए हुए समझौते का हवाला देते हुए कहा कि हमने दुनिया को दिखा दिया है कि अब दोनों देश मिलजुलकर काम करते हैं तो क्या संभव हो सकता है।’
4. रिजर्व बैंक ने बैंकों में इस्लामी बैंक सुविधा का किया प्रस्ताव
• भारतीय रिजर्व बैंक ने देश में पंपरागत बैंकों में धीरे-धीरे ‘‘इस्लामी बैंक सुविधा’ देने का प्रस्ताव किया है जिसमें ब्याज-मुक्त बैंकिंग सेवा के प्रावधान किए जा सकते हैं।केंद्र तथा रिजर्व बैंक दोनों ही लंबे समय से देश में समाज के ऐसे लोगों को इस तरह की बैंक सुविधाएं पेश करने की संभावनाओं पर विचार करते रहे हैं जो धार्मिक कारणों से बैंकों से दूर हैं। 
• भारतीय रिजर्व बैंक ने वित्त मंत्रालय को लिखे पत्र में कहा है, ‘‘हमारा विचार है कि इस्लामी वित्तीय कारोबार की जटिलताओं और उसमें विभिन्न नियामकीय एवं निगरानी तथा पर्यवेक्षण संबंधी चुनौतियों तथा भारतीय बैंकों को इसका अनुभव नहीं होने को देखते हुए देश में इस्लामी बैंकिंग सुविधा की दिशा में धीरे-धीरे कदम रखा जा सकता है।’
• आरटीआई के तहत मांगी गई जानकारी के जवाब में प्राप्त इस पत्र के अनुसार रिजर्व बैंक की राय है, ‘‘सरकार द्वारा जारी अधिसूचना के बाद शुरू में इस इस्लामिक बैंक सुविधा के तहत बैंकों में साधारण किस्म की योजनाएं पेश की जा सकती है जो परंपरागत बैंक उत्पादों की योजनाओं जैसी होंगी।’ 
• पत्र के अनुसार, ‘‘बाद में समय के साथ होने वाले अनुभव के आधार पर पूर्ण इस्लामिक बैंकिंग पेश करने पर विचार किया जा सकता है जिसमें हानि लाभ में हिस्सेदारी वाले जटिल उत्पाद शामिल किए जा सकते हैं।’
5. जीएसटी पर केंद्र और राज्यों के बीच मतभेद बरकरार : अधिकारों को लेकर नहीं बन पाई बात
• वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) व्यवस्था में केंद्र और राज्यों के दायरे में करदाताओं का कौन सा वर्ग आएगा, इस पर अभी सहमति नहीं बन पाई। इसका तौर तरीका निकालने के लिए जीएसटी परिषद की बैठक 25 नवम्बर को फिर होगी।वित्त मंत्री अरुण जेटली की रविवार को राज्यों के वित्त मंत्रियों के साथ इस मुद्दे पर राजनीतिक गतिरोध दूर करने के लिए बुलाई गई बैठक बेनतीजा रही। 
• जेटली ने पत्रकारों से कहा, ‘‘बैठक पूरी नहीं हो पाई। विचार विमर्श 25 नवम्बर को भी जारी रहेगा।’ आज की बैठक 25 नवम्बर को होने वाली शक्तिशाली जीएसटी परिषद की बैठक से पहले बुलाई गई थी। इससे पिछली दो बैठकों में इस मुद्दे पर केंद्र और राज्यों के बीच गतिरोध कायम रहा था। केंद्र का इरादा जीएसटी को अगले साल अप्रैल से लागू करने का है। केंद्र और राज्य सरकारों के अधिकारियों की कल बैठक होगी जिसमें इसका हल ढूंढ़ने का प्रयास किया जाएगा। 
• उत्तराखंड, पश्चिम बंगाल, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु तथा केरल जैसे राज्य सालाना डेढ़ करोड़ रपए से कम की आय वाले छोटे कारोबारियों पर विशिष्ट नियंतण्रके लिए जोर दे रहे हैं। उनका कहना है कि राज्यों के पास जमीनी स्तर पर इसके लिए ढांचा है और करदाता भी राज्य के अधिकारियों से अधिक सुविधा महसूस करेंगे।दूसरी ओर केंद्र इससे सहमत नहीं है। केंद्र सेवाकर दाताओं को सुविधा देने को एकल पंजीकरण तंत्र उपलब्ध कराना चाहता है। 
• केंद्र करदाताओं को 1.5 करोड़ रपए तक राज्यों के साथ और ऊपर केंद्र के साथ के बजाय प्रत्येक स्तर पर बंटवारा चाहता है। ऐसे में करदाताओं का विभाजन एक निश्चित अनुपात में होना चाहिए। 
• समझौते के तहत केंद्र राज्यों को दो-तिहाई करदाताओं के आधार पर प्रशासनिक नियंतण्रदेने का इच्छुक है।
6. नासा ने लांच किया अगली पीढ़ी का मौसम उपग्रह
• अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने रविवार को भारतीय समयानुसार सुबह 5 बजकर 12 मिनट पर अगली पीढ़ी का एक उन्नत मौसम उपग्रह लांच किया। इसकी मदद से यादा सटीक और समयबद्ध पूर्वानुमान लगाना व चेतावनी जारी करना संभव होगा।
• यह अपनी श्रेणी का पहला उपग्रह है। नेशनल ओशियानिक एंड एटमॉस्फेरिक एडमिनिस्ट्रेशन के जियोस्टेशनरी ऑपरेशनल एनवायरमेंटल सेटेलाइट-आर (जीओईएस-आर) को अमेरिका के फ्लोरिडा से लांच किया गया। नासा के थॉमस जुबरुचेन ने कहा, ‘यह बड़ा कदम है। 
• इसकी मदद से मौसम संबंधी आपदाओं से समय रहते यादा से यादा लोगों को बचाना संभव हो सकेगा।’ दो हफ्ते बाद अपनी कक्षा में पहुंचने के बाद जीओईएस-आर का नाम जीओईएस-16 रख दिया जाएगा। 
• यह उपग्रह एक साल में काम करने लगेगा। इस श्रेणी में चार उपग्रह जीओईएस-आर, एस, टी और यू हैं।
7. सिंधु बनीं चाइना ओपन जीतने वाली दूसरी भारतीय महिला

• ओलिंपिक सिल्वर मेडलिस्ट भारत की स्टार शटलर पीवी सिंधु ने चीनी खिलाड़ी को उसी के घर में शिकस्त देकर चाइना ओपन सुपर सीरीज प्रीमियर बैडमिंटन टूर्नामेंट का खिताब जीत लिया। 
• वर्ल्ड रैंकिंग में 11वें नंबर की खिलाड़ी सिंधु ने फाइनल में आठवीं सीड सुन यू को एक घंटा, नौ मिनट में 21-11, 17-21, 21-11 से हरा दिया। 
• सिंधु चाइना ओपन जीतने वाली भारत की दूसरी महिला खिलाड़ी हैं। उनसे पहले साइना नेहवाल ने 2014 में यह खिताब जीता था।





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