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Monday, December 05, 2016

दैनिक समसामयिकी 03 December 2016(Saturday)

1.भारत की विकास दर 7.6 फीसदी रहेगी : यूएन
• संयुक्त राष्ट्र के एक अध्ययन में अगले वर्ष के दौरान भारत की विकास दर 7.6% दर्ज होने का अनुमान व्यक्त किया गया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि देश में स्ट्रक्चरल रिफॉर्म से मेन्युफैक्चरिंग बेस मजबूत हुआ है जिससे निवेश में फिर से तेजी आई है।
• रिपोर्ट में कहा गया है कि ऐसे समय जब दुनिया की विकसित अर्थव्यवस्थाएं विकास की रफ्तार को बढ़ाने के लिए संघर्ष कर रही हैं। भारत और चीन एशिया प्रशांत क्षेत्र के साथ-साथ विश्व अर्थव्यवस्था में स्थिरता के लिए अगुआ बने हुए हैं।
• रिपोर्ट में 2017 के दौरान चीन की विकास दर मामूली कम होकर 6.4% रहने का अनुमान व्यक्त किया गया है। 

यूनाइटेड नेशंस इकोनॉमिक एंड सोशल कमीशन फॉर एशिया एंड पैसिफिक (एसकेप) की रिपोर्ट में अनुमान जताया गया है।
• वर्ष के अंत में जारी होने वाली इसकी 'एशिया-प्रशांत क्षेत्र-2016 आर्थिक और सामाजिक सर्वेक्षण रिपोर्ट के अनुसार, 'भारत की अर्थव्यवस्था के वर्ष 2016-17 और 2017-18 के दौरान 7.6% रफ्तार बनी रहने का अनुमान है।
• रिपोर्ट में निवेश में कमी से भारत में चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में ग्रोथ कुछ नरम पड़ी है, लेकिन इसमें तेजी की उम्मीद है।
• सामान्य मानसून से कृषि गतिविधियों में तेजी आने से ग्रोथ को बढ़ावा मिलेगा।
• साथ ही सरकारी कर्मचारियों की वेतनवृद्धि से व्यापक आधार के साथ खपत बढ़ेगी।
• इसके बाद निजी क्षेत्र के निवेश में सुधार आने से ग्रोथ की रफ्तार और तेज होगी।
• जीएसटी और बैंकरप्सी कोड जैसे कानूनों के पारित होने से बेहतर निवेश माहौल बनेगा।
• इन्फ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं में खर्च बढ़ने से निजी निवेश को समर्थन मिलेगा।

2. ईरान के खिलाफ लगे प्रतिबंधों की मियाद अमेरिका ने बढ़ाई
• अमेरिका ने ईरान के खिलाफ लगाए गए प्रतिबंध की मियाद दस वर्षो के लिए बढ़ा दी है। संसद ने ध्वनिमत से तेहरान पर लगे प्रतिबंधों को विस्तार देने की मंजूरी दी है।
• इससे भड़के ईरान ने अमेरिका के इस कदम को दुनिया की छह शक्तियों के साथ जुलाई में हुए परमाणु समझौते का उल्लंघन करार दिया है। साथ ही माकूल जवाब देने की भी बात कही है।
• ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकने के लिए अमेरिका ने 1996 में ईरान प्रतिबंध अधिनियम (आइएसए) पारित किया था। गुरुवार को इसे विस्तार दिया गया।
• ईरानी विदेश मंत्रलय के प्रवक्ता बहराम घासेमी ने कहा, ‘अमेरिकी कांग्रेस द्वारा प्रतिबंध की मियाद बढ़ाने से परमाणु करार का उल्लंघन हुआ है। विदेश विभाग समझौते के क्रियान्वयन पर नजर रखने वाली समिति को इसकी जानकारी देगा।
• ईरान ने अतंरराष्ट्रीय करार को लेकर अपनी प्रतिबद्धता जताई है, लेकिन तेहरान किसी भी परिस्थिति से निपटने के लिए भी तैयार है।’ इससे पहले ईरान के सवरेच नेता अयातुल्ला अली खामनेई ने नवंबर में यही बात कही थी।
• आइएसए की मियाद 31 दिसंबर को समाप्त हो रही थी। व्हाइट हाउस ने न तो प्रतिबंध को बढ़ाने की पहल की थी और न ही संसद में उसका विरोध किया। अमेरिकी अधिकारियों ने आइएसए को बढ़ाने के फैसले का बचाव करते हुए कहा कि इससे ईरान के साथ हुए करार का उल्लंघन नहीं हुआ है।
3. भारत यूएई के साथ मिलकर काम करने को इच्छुक : राष्ट्रपति
• सरकार द्वारा खाड़ी के देशों के साथ संबंधों को बेहतर बनाने के क्रम में राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने शुक्रवार को कहा कि संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के साथ भारत द्विपक्षीय संबंधों को और आगे बढ़ाने एवं उसे मजबूत बनाने के लिए इच्छुक है।
• यूएई के राष्ट्रीय दिवस पर वहां की सरकार और लोगों को बधाई और शुभकामनाएं देते हुए मुखर्जी ने यह बात कही।शेख खलीफा बिन जायद अल नाहयान को भेजे अपने संदेश में राष्ट्रपति ने कहा कि संयुक्त अरब अमीरात के साथ अपने निकट, मित्रवत और गर्मजोशी से भरे रिश्तों को भारत बहुत अधिक महत्व देता है, जिसका औपचारिक आधार हमारे प्राचीन व्यापार और सांस्कृतिक संबंधों में निहित है।
• आपसी जन संपकरें एवं उच्चस्तरीय दौरों से यह और मजबूत हुआ है।मुखर्जी ने कहा, मैं द्विपक्षीय संबंधों को और आगे बढ़ाने की दिशा में साथ मिलकर काम करने का इच्छुक हूं। उन्होंने कहा कि हाल ही में शीर्ष राजनीतिक स्तर पर जो आदान-प्रदान हुए हैं, उससे दोनों देशों के रिश्तों की गर्मजोशी बढ़ी है।
• राष्ट्रपति ने कहा, हमें इस बात की अपार खुशी है कि अबू धाबी के युवराज ने वर्ष 2017 के गणतंत्र दिवस समारोहों में मुख्य अतिथि बनना स्वीकार किया है।
4. सुप्रीम कोर्ट ने कानून मंत्रालय को भेजा प्रस्ताव, हाईकोर्ट के खाली पड़े पदों पर 28 रिटायर्ड जजों की नियुक्ति की जाए
• देशभर की विभिन्न हाईकोर्ट में जजों के खाली पड़े पदों को लेकर अब सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम की ओर से उठाया गया एक नया कदम केंद्र सरकार के लिए परेशानी और तकरार का नया सबब बन सकता है।
• सुप्रीम कोर्ट ने भारतीय संविधान के एक पुराने कानून का हवाला देते हुए कानून मंत्रालय के पास देश की चार हाईकोर्ट में जजों के खाली पड़े पदों पर नियुक्ति के लिए 28 ऐसे नाम स्वीकृति के लिए भेजे हैं, जो नए नहीं हैं, बल्कि हाईकोर्ट के पुराने रिटायर्ड जज हैं।
• मंत्रालय इन नामों को लेकर कानूनी विशेषज्ञों से राय ले रहा है। कानून मंत्रालय से प्राप्त एक जानकारी के अनुसार सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम ने मध्यप्रदेश, आंध्रप्रदेश, तेलंगाना, इलाहाबाद और कलकत्ता हाईकोर्ट में जजों के खाली पड़े पदों पर नियुक्ति के लिए 28 रिटायर्ड जजों के नाम प्रस्तावित किए हैं।
• सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम द्वारा भेजे गए सिफारिश पत्र में लिखा गया है कि संविधान के अनुच्छेद 224-ए के प्रावधानों के तहत इस बात की व्यवस्था है कि अदालतों में सिविल और क्रिमिनल केसों की अधिक संख्या लंबित होने पर केंद्र सरकार न्यायपालिका अपनी असाधारण शक्ति का प्रयोग करते हुए लंबित केसों का निपटारा करने के लिए रिटायर्ड जजों को उनके अच्छे रिकॉर्ड ईमानदारी के आधार पर फिर से नियुक्ति दे सकती है।
• सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम ने कानून मंत्रालय को भेजे अपने प्रस्ताव में कहा है कि संविधान के अनुसार संबंधित हाईकोर्ट या सुप्रीम कोर्ट का चीफ जस्टिस यह कार्य राष्ट्रपति की सहमति से ही कर सकता है। राष्ट्रपति की सहमति मिलने के बाद ही सुप्रीम कोर्ट या हाईकोर्ट का चीफ जस्टिस किसी रिटायर्ड जज को लंबित केसों का निपटारा करने के लिए फिर से अनुरोध कर सकता है।
• इस प्रावधान के तहत कोलेजियम सिस्टम ने ऐसे 28 रिटायर्ड जजों की लिस्ट तैयार की है, जिन्हें नियुक्ति दिलाना है।इस संबंध में कानून मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम द्वारा दिए गए प्रस्ताव पर विचार किया जा रहा है।
• जिस समय न्यायपालिका के साथ सरकार का सम्मेलन हुआ था, उस समय सदानंद कानून मंत्री थे और उन्होंने न्यायपालिका के इस प्रस्ताव की कुछ बातों पर अपनी असहमति दी थी।
• वे क्या मुख्य बिंदु थे इस पर कानून मंत्रालय विचार कर रहा है। उसके बाद ही सरकार की ओर से सुप्रीम कोर्ट कोलेजियम के प्रस्ताव पर कोई विचार किया जा सकेगा।
5. प्रणाली से नकदी खींचने को एमएसएस की सीमा बढ़ाई
• नोटबंदी के मद्देनजर बैंकिंग प्रणाली से अतिरिक्त नकदी खींचने के लिए सरकार और रिजर्व बैंक ने मार्केट स्टेबलाइजेशन स्कीम यानी एमएसएस की सीमा बढ़ा दी है।
• इसे 30 हजार करोड़ रुपये से बढ़ाकर छह लाख करोड़ रुपये किया गया है। केंद्रीय बैंक ने शुक्रवार को ही सरकार के 28 दिन के कैश मैनेजमेंट बिल (सीएमबी) की भी नीलामी की है। ये 20 हजार करोड़ रुपये मूल्य के हैं।
• नौ नवंबर से 500 और 1000 की पुरानी नोटों के बंद होने के बाद बैंकों में जमा की रफ्तार में जोरदार इजाफा हुआ है। लिहाजा बैंकिंग प्रणाली में लिक्विडिटी खासी बढ़ गई है। इसके आगे और बढ़ने के आसार हैं। यही देखते हुए एमएसएस को बढ़ाने का फैसला किया गया है।
• स्कीम के तहत आरबीआइ की ओर से बांड जारी किए जाते हैं। इससे जुटाई गई रकम का इस्तेमाल सरकारी खर्च में नहीं होता है। बैंकिंग प्रणाली से नकदी खींचने के लिए ही बीते हफ्ते आरबीआइ ने बैंकों को अस्थायी रूप से 100 फीसद इंक्रीमेंटल कैश रिजर्व रेशियो (सीआरआर) बनाए रखने को कहा था।
• सीआरआर वह राशि है जिसे बैंकों को अपनी जमाओं के एवज में रिजर्व बैंक के पास रखना पड़ता है।
6. बैंकों का शुल्क हटें तो कैशलेस लेनदेन बढ़े
• लोगों को कैशलेस लेनदेन अपनाने के लिए भले जितनी भी अपील की जा रही हो लेकिन बैंकिंग से लेकर सरकारी क्षेत्र में अब तक ऐसी व्यवस्था है, जिसमें लोगों के लिए नकदी लेनदेन ही सस्ता पड़ता है।
• कार्ड से भुगतान लेने पर दुकानदारों को दो फीसदी तक शुल्क सिर्फ बैंक को ही देना पड़ रहा है। इसी तरह रेलवे की टिकट आप नकदी से लेते हैं तो सस्ती पड़ती है।
• सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों से पेट्रोल खरीदने पर भी क्रेडिट कार्ड पर अतिरिक्त शुल्क वसूला जा रहा है।
• सरकार की ओर से कोशिश की जा रही है कि अधिक से अधिक विक्रेता प्वाइंट ऑफ सेल (पीओएस) टर्मिनल का उपयोग करें ताकि लोग अपने क्रेडिट और डेबिट कार्ड का उपयोग करें।
• यह मशीन लगाने वालों को 31 दिसंबर तक के लिए ट्रांजेक्शन शुल्क से राहत भी दी गई है। लेकिन छोटे दुकानदार अब भी इसको लेकर यादा उत्साहित नहीं हैं क्योंकि इन्हें पता है कि अगले महीने से दुबारा लंबा-चौड़ा शुल्क देना होगा।
7. ठोस कचरा प्रबंधन में दुनिया के सवरेत्तम शहरों में कोलकाता
• कोलकाता ठोस कचरा प्रबंधन में 2016 में दुनिया के सवरेत्तम शहरों में शुमार हो गया है। 10 अन्य शहरों के साथ उसे यह तमगा हासिल हुआ है। मैक्सिको सिटी में आयोजित हुए सी 40 मेयर समिट में कोलकाता को इस फेहरिस्त में जगह मिली। यह दर्जा हासिल करने वाला कोलकाता देश का एकमात्र शहर है।
• उत्तरपाड़ा नगरपालिका के चेयरमैन दिलीप यादव ने मैक्सिको सिटी से फोन पर यह जानकारी देते हुए बताया-‘यह उपलब्धि हमें कोलकाता सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट इम्प्रूवमेंट प्रोजेक्ट में शानदार प्रदर्शन की बदौलत हासिल हुई है। इससे हमें और बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरणा मिलेगी।
• यह परियोजना खुले में कचरा फेंकने और उन्हें जलाने की प्रवृत्ति का उन्मूलन करेगी।’ उन्होंने बताया कि उत्तरपाड़ा नगरपालिका के चेयरमैन के तौर पर मैंने 50,000 घरों का दौरा किया और लोगों को ठोस कचरा प्रबंधन के बारे में जागरूक किया।
• इस परियोजना के तहत घर-घर जाकर ठोस कचरे को संग्रह किया गया।
8. प्रदूषण के विभिन्न स्तरों के लिए एक्शन प्लान तय : केंद्र सरकार से सुप्रीम कोर्ट ने इसे अधिसूचित करने को कहा
• सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से कहा है कि वह पोल्यूशन ग्रेडिंग सिस्टम को कानूनी जामा पहनाए, ताकि राजधानी दिल्ली और एनसीआर में पोल्यूशन लेवल को ठीक किया जा सके।
• सेंट्रल पोल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (सीपीसीबी) ने सुप्रीम कोर्ट में रिपोर्ट पेश कर राजधानी दिल्ली में पोल्यूशन के अलग-अलग लेवल के लिए एक्शन प्लान बताया, जिसे सुप्रीम कोर्ट ने स्वीकार कर लिया और केंद्र सरकार से कहा है कि वह इसे नोटिफाई करे।
• इस एक्शन प्लान के तहत इमरजेंसी की स्थिति में ऑड-इवन स्कीम लाने से लेकर स्कूल तक बंद किए जाने का प्रावधान है।सुप्रीम कोर्ट ने एन्वायरमेंट प्रोटेक्शन एंड कंजरवेशन अथॉरिटी (ईपीसीए) से भी कहा है कि वह इस मामले में एक्शन के लिए कदम उठाए और संबंधित अथॉरिटी और विभाग को एक्शन के लिए कहे। रिपोर्ट में ऑड-इवन स्कीम के साथ-साथ स्कूल बंद करने और आउटडोर एक्टिविटी भी बंद करने की बात कही गई है।
• अब इसे कानूनी जामा पहनाया जाएगा।चीफ जस्टिस टीएस ठाकुर की अगुवाई वाली बेंच के सामने केंद्र सरकार, सेंट्रल पोल्यूशन कंट्रोल बोर्ड द्वारा रिपोर्ट पेश किया गया। जिसमें बताया गया कि इसको लेकर तमाम पक्षकारों की मीटिंग हुई और फिर पोल्यूशन लेवल और एक्शन प्लान के लिए रिपोर्ट तैयार की गई।
• पिछली सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने आश्र्चय व्यक्त करते हुए कहा था कि बीजिंग और सिंगापुर जैसे शहरों की तरह दिल्ली में ऐसी स्कीम क्यों नहीं लाई जाती।इमरजेंसी अथवा सिवियर प्लस की स्थिति- हवा में जब 2.5 पीएम लेवल 300 माइक्रोग्राम होगाएक्शन प्लानद अत्यंत जरूरी सामानों के अलावा कोई भी डीजल ट्रक इलाके में एंट्री नहीं करेगा।
• कंस्ट्रक्शन एक्टिविटी को बंद किया जाएगा।
• द ऑड-इवन स्कीम लागू की जाए और ये लाइसेंस बेस्ड नंबर प्लेट पर आधारित होगा और कम से कम लोगों को अपवाद में रखा जाए।
• द टास्ट फोर्स का गठन किया जाए, ताकि स्कूल बंद करने सहित अन्य अतिरिक्त कदम उठाने पर फैसला ले सकें।
• सीवियर यानी गंभीर स्तर-जब 2.5 पीएम लेवल 250 माइक्रोग्राम से ऊपर होएक्शन प्लानद ईट भट्ठे को बंद किया जाए।
• हॉट मिक्स्ड प्लांट और स्टोन क्रसर बंद किए जाएं।द बदरपुर पावर प्लांट बंद किए जाएं। कोयले पर आधारित पावर प्लांट दिल्ली और एनसीआर में बंद हों।
• बेहद खराब- जब 2.5 पीएम लेवल 121 से 250 के बीच होएक्शन प्लानद डीजल जेनरेटर सेट बंद किए जाएं। पार्किंग फीस 3 से 4 गुणा बढ़ा दी जाए।
• मॉडरेट से खराब लेवल- जब 2.5 पीएम लेवल 91 से 120 के बीच होएक्शन प्लान
• लैंडफिल इलाके में कबाड़ के जलाने पर रोक हो और साथ ही अन्य जगहों पर जलाने पर रोक हो और इसके लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ भारी जुर्माना लगाया जाए।
• ट्रैफिक के स्मूद फ्लो के लिए ट्रैफिक पुलिस की तैनाती हो। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के मुताबिक राजधानी दिल्ली की एंट्री पाइंट पर ट्रक डायवर्ट किया जाए और ये तय किया जाए कि राजधानी दिल्ली में 2005 के बाद से रजिस्र्टड ट्रक ही आने की इजाजत हो।
Sorce of the News (With Regards):- compile by Dr Sanjan,Dainik Jagran(Rashtriya Sanskaran),Dainik Bhaskar(Rashtriya Sanskaran), Rashtriya Sahara(Rashtriya Sanskaran) Hindustan dainik(Delhi), Nai Duniya, Hindustan Times, The Hindu, BBC Portal, The Economic Times(Hindi& English)

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